भूली-बिसरी विरासत में नई जान: हरि चंदना आईएएस की दृष्टि

हैदराबाद (तेलंगाना) : हैदराबाद के ऐतिहासिक उस्मानिया विश्वविद्यालय परिसर में स्थित अतीत की एक भूली हुई धरोहर— मह लका बाई बावड़ी — आज दशकों की उपेक्षा के बाद पुनर्जीवित होकर फिर से अपने वैभव में खड़ी है। कभी मलबे से भरी और समय की धूल में खोई यह 18वीं सदी की संरचना अब सावधानीपूर्वक संरक्षण और पारिस्थितिक पुनर्जीवन के माध्यम से एक जीवंत विरासत स्थल में बदल चुकी है। इस पुनरुत्थान के केंद्र में हैं हरि चंदना आईएएस, जिनकी प्रशासनिक सोच निरंतर स्थिरता, संस्कृति और सामुदायिक सहभागिता को जोड़ती रही है। यह बावड़ी का पुनर्जीवन कोई एकल उपलब्धि नहीं, बल्कि तेलंगाना भर में विरासत संरक्षण की उस निरंतर परंपरा का हिस्सा है, जिसे उन्होंने नेतृत्व प्रदान किया है।इस नवजागरण के केंद्र में वही अधिकारी हैं, जिनकी प्रशासनिक यात्रा ने तेलंगाना में उपेक्षित स्थानों को जीवंत सार्वजनिक संपत्तियों में बदला है। शहर की विरासत: जीएचएमसी के वर्ष जिला प्रशासन में आने से पहले, हरि चंदना आईएएस ने ग्रेटर हैदराबाद म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन (GHMC) में ज़ोनल कमिश्नर के रूप में हैदराबाद के शहरी परिदृश्य को आकार दिया — जहाँ स्थिरता और विरासत संरक्षण दैनिक शासन के मूल तत्व बने। इस दौर की सबसे प्रतीकात्मक विरासत बहाली में से एक थी बांसिलालपेट बावड़ी — हैदराबाद के पुराने शहर में स्थित 17वीं सदी की बावड़ी, जो दशकों तक कचरे और उपेक्षा में दबी रही थी।इस बहाली ने एक कचरे से भरे गड्ढे को मनमोहक विरासत स्थल में बदल दिया — प्राचीन पत्थर की सीढ़ियाँ फिर खुलीं, पारंपरिक स्थापत्य बहाल हुआ और बावड़ी को सांस्कृतिक धरोहर के रूप में सार्वजनिक जीवन में लौटाया गया। यह उस समय GHMC में आए व्यापक बदलाव को भी दर्शाता था: ऐतिहासिक सार्वजनिक स्थलों की पुनर्प्राप्ति पारंपरिक जल संरचनाओं का पुनर्जीवन शहरी विकास में स्थिरता का समावेश यही शहरी विरासत जागरण आगे चलकर नारायणपेट जिले में नेतृत्व किए गए व्यापक बावड़ी पुनर्जीवन आंदोलन की नींव बना। नारायणपेट में जिला–स्तरीय विरासत जागरण नारायणपेट की कलेक्टर बनने पर उनकी सोच का पूर्ण रूप सामने आया — एक ऐसा क्षेत्र जो ऐतिहासिक बावड़ियों से समृद्ध था, पर लंबे समय से उपेक्षित रहा। बाराम बावड़ी — जहाँ से पुनर्जीवन की शुरुआत हुई पहली बड़ी सफलताओं में से एक थी बाराम बावड़ी, जो सदियों पुरानी होते हुए भी कचरे और उपेक्षा में दबी हुई थी।उनके नेतृत्व में:

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मेक माय ट्रिप ने बेंगलुरु में लॉन्च किया अपना पहला एक्सपीरियंस सेंटर, ट्रैवल प्लानिंग को मिला नया आयाम

बेंगलुरु, 9 फरवरी 2026 : भारत की अग्रणी ऑनलाइन ट्रैवल कंपनी मेक माय ट्रिप ने बेंगलुरु के व्हाइटफील्ड क्षेत्र में अपना पहला एक्सपीरियंस सेंटर लॉन्च किया है। यह पहल डिजिटल

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जयपुर पिंकफेस्ट: दूसरे दिन ‘श्रृंगार’ फैशन शो की धूम

जयपुर, 7 फरवरी 2026 – राजस्थान की राजधानी में चल रहे जयपुर पिंकफेस्ट (India PinkFest) ने अपने दूसरे दिन कला, साहित्य और संस्कृति के प्रेमियों को एक बार फिर गहरे

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डिप्टी सीएम दिया कुमारी ने किया जयपुर आर्किटेक्चर फेस्टिवल 2026 का उद्घाटन

जयपुर। इंडिया स्टोन मार्ट 2026 के दूसरे दिन जयपुर एग्ज़ीबिशन एंड कन्वेंशन सेंटर (जेईसीसी), सीतापुरा में जयपुर आर्किटेक्चर फेस्टिवल 2026 का भव्य शुभारंभ किया गया। उद्घाटन समारोह को संबोधित करते

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‘पिंकफेस्ट 2026’ के उद्घाटन के साथ भारत की सांस्कृतिक भव्यता सामने आई

  अंतर्राष्ट्रीय और भारतीय कलाकारों ने पिंकफेस्ट में राजस्थान का सार दिखाया तीन दिवसीय पिंकफेस्ट का 5वां संस्करण RIC में शुरू हुआ; सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया

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कला का महापर्व ‘पिंकफेस्ट 2026: 6 से 8 को होगा साहित्य, कला और ज्ञान का उत्सव

  केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत द्वारा किया गया पिंकफेस्ट 2026 का पोस्टर लॉन्च जयपुर: राजस्थान की जीवंत सांस्कृतिक परंपराओं और वैश्विक कलारूपों के संगम के रूप में ‘पिंकफेस्ट 2026’

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